दिल से दिल तक | Hindi Poetry on Love | Friendship & Relationship | Conversation Of Love








हर बात तेरी 

तेरे और करीब ले आती है

जितना भूलना चाहूँ तुझे

तेरी उतनी याद आती है। 


जानता हूँ मुमकिन नहीं

तेरा मेरे साथ रहना

फिर भी न जाने क्यू मुझे !

किस्मत तुझसे मिलाती  है। 


दिल में एक विश्वास है

रिश्ता अपना ख़ास है। 

यूँ नहीं मेरी धड़कने 

तेरा नाम सुन बढ़ जाती है। 


हो कहीं भी दिल मेरा

ख्याल तेरा ही रहे

हाँ , ये बात मैंने मान ली

तेरे जैसा मिलना मुश्किल है । 


प्यार है तुझसे ही  करना

लड़ना भी तेरे साथ है

अब चाहे सफर कैसा भी हो

मुझे चलना  तेरे साथ है।। 

Comments

  1. Waah waah! beautiful poem mam. Really love your poetries 😍🥰🤩 keep it up👍

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  2. सब कुछ जानते हुए कि नहीं मिलना इस जीवन में।
    फिर भी उम्मीद है कि शायद लौट आए वो इस जीवन में।

    ये जो यथार्थता और कल्पनाओं के बीच का संबंध है वही तो प्रेम है।

    सतीश।

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